‘वायु शक्ति-2026’ अभ्यास के तहत भारतीय वायुसेना (IAF) राजस्थान के जैसलमेर स्थित पोखरण रेंज में अपनी पूरी सैन्य ताकत और त्वरित कार्रवाई की क्षमता का प्रदर्शन करेगी। इस मेगा एक्सरसाइज में वायुसेना यह दिखाएगी कि वह किसी भी खतरे का तेज, सटीक और प्रभावी जवाब देने में पूरी तरह सक्षम है।
इस अभ्यास का उद्देश्य केवल युद्ध क्षमता दिखाना ही नहीं, बल्कि यह भी बताना है कि वायुसेना कैसे देश और विदेश में संकटग्रस्त इलाकों से तेजी से एयरलिफ्ट, बचाव और निकासी अभियान चलाकर मानवीय सहायता और आपदा प्रबंधन में अहम भूमिका निभाती है।
ये एयरक्राफ्ट होंगे शामिल
इस अभ्यास में HAL Tejas, Dassault Rafale, SEPECAT Jaguar, Mirage 2000, Sukhoi Su-30MKI, MiG-29 और BAE Hawk जैसे लड़ाकू विमान हिस्सा लेंगे।
ट्रांसपोर्ट बेड़े में C-130J Super Hercules, Airbus C-295 और C-17 Globemaster III शामिल रहेंगे। वहीं हेलीकॉप्टर बेड़े में HAL Chetak, HAL Dhruv ALH Mk IV, Mil Mi-17, HAL Light Combat Helicopter, Boeing AH-64 Apache और Boeing CH-47 Chinookभी भाग लेंगे। इसके अलावा रिमोटली पायलटेड एयरक्राफ्ट (RPA) भी ऑपरेशन का हिस्सा होंगे।
एडवांस्ड वेपन सिस्टम का प्रदर्शन
इस एक्सरसाइज में आधुनिक हथियार प्रणालियां जैसे शॉर्ट रेंज लोइटरिंग म्यूनिशन (SRLM), आकाश मिसाइल प्रणाली, SPYDER और काउंटर अनमैन्ड एरियल सिस्टम (CUAS) का भी इस्तेमाल किया जाएगा। ये सिस्टम दिन, शाम और रात—हर परिस्थिति में मिशन को सफलतापूर्वक अंजाम देने की क्षमता दिखाएंगे।
‘वायु शक्ति-2026’ के दौरान ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता को भी प्रदर्शित किया जाएगा, जिसमें वायुसेना की लंबी दूरी तक सटीक निशाना साधने, एयरस्पेस में दबदबा बनाने और मल्टी-डोमेन ऑपरेशन की क्षमता को दिखाया जाएगा। साथ ही ‘आत्मनिर्भर भारत’ के तहत विकसित स्वदेशी प्लेटफॉर्म की ताकत भी सामने आएगी।
फुल ड्रेस रिहर्सल में दिखी ताकत
अभ्यास से पहले जैसलमेर के पोखरण फील्ड फायरिंग रेंज में फुल ड्रेस रिहर्सल किया गया। इसकी शुरुआत Sukhoi Su-30MKI द्वारा दुश्मन के रनवे और ठिकानों पर हमले से हुई, जिसमें कई बम गिराकर टारगेट को तबाह किया गया।
इसके बाद MiG-29 ने टैंकों के काफिले को निशाना बनाया, जिससे रेंज में धूल के बड़े गुबार उठे। वहीं दो SEPECAT Jaguar जेट्स ने ‘सुदर्शन फॉर्मेशन’ का प्रदर्शन किया।
अभ्यास के दौरान ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत सर्जिकल स्ट्राइक का सिमुलेशन भी दिखाया गया। अधिकारियों के अनुसार, चंदन रेंज में टारगेट पर हमले के लिए देशभर के आठ एयरबेस से करीब 73 फाइटर जेट्स उड़ान भरेंगे, जो इस अभ्यास की व्यापकता और ताकत को दर्शाता है।